45) May naheen woh aap hay
46) Apney aap karay dil joi
“May that being is not you, To mend the heart, do it by yourself.”
— बुल्ले शाह
अर्थ
जो बात नहीं है वह आप हैं। दिल को ठीक करना अपने आप करें।
विस्तार
यह शेर हमें बताता है कि जीवन में शांति और बदलाव का स्रोत बाहर नहीं होता। बुलले शाह हमें याद दिलाते हैं कि मन की उदासी या टूटन को भरने के लिए किसी बाहरी सहारे की ज़रूरत नहीं है। दिल को संवारना, या स्वयं को बेहतर बनाना, यह काम भीतर से शुरू होता है। यह अहसास बहुत ही गहरा है कि मुक्ति की चाबी हमेशा हमारे अपने अंदर ही रखी होती है।
