न कह कि गिर्या ब-मिक़दार-ए-हसरत-ए-दिल है
मिरी निगाह में है जम-ओ-ख़र्च दरिया का
“Do not say that weeping is but the measure of the heart's longing;In my estimation, I gauge the river's full ebb and flow.”
— मिर्ज़ा ग़ालिब
अर्थ
यह मत कहो कि रोना दिल की हसरत के माप के अनुसार है। मेरी निगाह में तो मैं दरिया के पूरे जमा और खर्च, यानी उसके बहाव को जानता हूँ।
विस्तार
यह सुंदर शेर गहरी भावनाओं और दर्शन की खोज करता है। ग़ालिब ने बेहतरीन तरीके से प्रेम, लालसा और आध्यात्मिक खोज के विषयों को जोड़ा है, जो शताब्दियों से प्रेरणा देता है।
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