रहा बला में भी मैं मुब्तला-ए-आफ़त-ए-रश्क
बला-ए-जाँ है अदा तेरी इक जहाँ के लिए
“Even in calamity, I remained afflicted by the bane of envy,Your charm is a mortal torment for a whole world, to see.”
— मिर्ज़ा ग़ालिब
अर्थ
मैं मुसीबत में भी ईर्ष्या की आफत से ग्रस्त रहा। तुम्हारी अदा एक पूरी दुनिया के लिए जानलेवा मुसीबत है।
विस्तार
यह सुंदर शेर गहरी भावनाओं और दर्शन की खोज करता है। ग़ालिब ने बेहतरीन तरीके से प्रेम, लालसा और आध्यात्मिक खोज के विषयों को जोड़ा है, जो शताब्दियों से प्रेरणा देता है।
