इल्म में भी सुरूर है लेकिन
ये वो जन्नत है जिस में हूर नहीं
“There is an intoxication even in knowledge, but This is a paradise where there are no celestial nymphs”
— अल्लामा इक़बाल
अर्थ
इल्म में भी नशा होता है, पर यह वो जन्नत है जहाँ हूर नहीं हैं।
विस्तार
यह शेर ज्ञान की गहराई में छिपे मदहोशी को बयां करता है। शायर कहते हैं कि ज्ञान में भी एक अद्भुत नशा होता है, एक सुकून मिलता है। लेकिन... वह एक बात कहते हैं जो बहुत गहरी है। वह कहते हैं कि यह जन्नत भले ही ज्ञान से भरी हो, पर इसमें वह हूर नहीं हैं जो लोग कल्पना करते हैं। यह ज्ञान की दिव्यता और भौतिक आकर्षण के बीच का अंतर है।
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