लगा है हौसला भी करने तंगी
ग़मों की अब समाई हो चुकी बस
“My courage is ready to endure this hardship, For the sorrow's essence has now completely settled.”
— मीर तक़ी मीर
अर्थ
मेरा हौसला भी इस तंगी का सामना करने के लिए तैयार है, क्योंकि अब ग़मों का सार पूरी तरह से समा गया है।
विस्तार
यह शेर हमें ज़िंदगी की एक बहुत गहरी सच्चाई बताता है। शायर कह रहे हैं कि जब ग़म को दिल में बसने देना सीख लिया जाता है, जब वो हमारे हिस्से में समा जाता है, तो एक अजीब सा हौसला मिल जाता है। यह हौसला हमें हर तरह की तंगी का सामना करने की हिम्मत देता है। यह हार नहीं है, बल्कि एक गहरी, शांत स्वीकृति है अपनी तक़दीर को।
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