भीड़ देखकर धक्का-मुक्की वे अवश्य करेंगे, हैं नगर के लोग बेचैन, मुझे मालूम है।
“Seeing the crowd, they will surely push and shove, The people of the city are agitated, I know.”
— अमृत घायल
अर्थ
भीड़ देखकर वे निश्चित रूप से धक्का-मुक्की करेंगे; शहर के लोग बेचैन हैं, यह मुझे ज्ञात है।
विस्तार
यह शेर एक सामाजिक अवलोकन है, जो भीड़ में छिपी बेचैनी को बयां करता है। शायर कहते हैं कि भीड़ देखकर तो धक्का-मुक्की होना तय है, लेकिन असली बात तो यह है कि शहर के लोग अंदर से कितने बेचैन हैं। यह सिर्फ़ एक भीड़ नहीं है, यह एक अनकहा तनाव है जिसे शायर ने बड़ी गहराई से महसूस किया है।
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