વા'લાં સબરસનાં વેચનાર, વહી જજો રે
-હવે વહી જજો રે
“O dear vendors of life's many tastes, now flow away, now flow away!”
— ज़वेરचंद मेघानी
अर्थ
हे जीवन के सभी रसों को बेचने वालो, अब बह जाओ, अब बह जाओ।
विस्तार
यह दोहा एक मधुर, फिर भी मार्मिक, विदाई का भाव व्यक्त करता है। यह किसी ऐसे व्यक्ति या स्मृति को संबोधित करता है जिसने जीवन के सभी स्वाद और सार लाए थे – जिसे 'सबरस' कहा गया है। वक्ता उनसे अब 'बह जाने' या 'चले जाने' का आग्रह करता है। यह बदलाव को स्वीकार करने, यह समझने का संकेत है कि जीवन के सबसे प्रिय अनुभव या रिश्ते भी आखिरकार आगे बढ़ते हैं। 'अब बह जाओ' की पुनरावृत्ति एक नरम जोर देती है, जो यह दर्शाता है कि यह छोड़ने की एक स्वाभाविक और शायद थोड़ी दुखभरी प्रक्रिया है, यह समझते हुए कि जीवन के मौसम बदलते रहते हैं।
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