“Who is that, with loosened tresses, standingOn the sky-mansion's lofty balcony,On the high cloud-mansion's terrace, commanding!And two hearts are shattered utterly.”
वह कौन है जो खुले बालों के साथ आकाश-महल की ऊंची बालकनी पर खड़ी है, और ऊंची मेघ-महल की अटारी पर! उसके कारण दो हृदय पूरी तरह से टूट गए हैं।
यह दोहा एक रहस्यमय आकृति का सुंदर चित्रण करता है। कवि पूछता है, 'वह कौन है, जिसके बाल खुले हुए हैं, जो आकाश-महल की अटारी पर खड़ी है, शायद बादलों के ऊँचे महल पर?' यह छवि किसी दिव्य या प्रियजन की ओर इशारा करती है, जो एक ऊँचे, पहुँच से बाहर स्थान पर है। फिर कवि एक मार्मिक भावना जोड़ते हैं: 'और दो दिल टूटे हुए हैं।' इसका अर्थ यह हो सकता है कि उसकी सुंदरता इतनी मोहक है कि वह दिलों को तोड़ देती है, या शायद उसका अपना दिल और एक प्रेमी का दिल, विरह या जुदाई से टूटा हुआ है। यह आश्चर्य, विस्मय और दुख का एक मिश्रण है।
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