दिखा उस बुत को फिर भी या ख़ुदाया
तिरी क़ुदरत-नुमाई हो चुकी बस
“Even if you show that idol, O God, Your divine creation has been fully revealed.”
— मीर तक़ी मीर
अर्थ
हे ख़ुदाया, यदि तू उस मूर्ति को भी दिखा दे, तो तेरी प्राकृतिक कला का प्रदर्शन बस हो चुका है।
विस्तार
यह शेर आस्था और तसल्ली का एक गहरा इज़हार है। शायर ख़ुदा से कह रहे हैं कि आपकी क़ुदरत का नज़ारा.... जो आपने हमें पहले ही दिखाया है, वो काफ़ी है। उन्हें उस 'बुत' का ज़िक्र इसलिए करना पड़ रहा है, ताकि वो कह सकें कि चाहे आप किसी भी चीज़ को साबित करें, हमारी नज़र में आपका बस आपका वजूद और आपकी रहमत काफ़ी है। यह दिल की तसल्ली है।
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