दरमियाँ ऐसा नहीं अब आईना
मेरे उस के अब सफ़ाई हो चुकी
“There is no such mirror in between, My reflection has become clean now.”
— मीर तक़ी मीर
अर्थ
दरमियाँ ऐसा कोई आईना नहीं है, मेरे उस के अब सफ़ाई हो चुकी है।
विस्तार
यह शेर सिर्फ आईने की बात नहीं करता, बल्कि रिश्तों की सच्चाई की बात करता है। शायर कहते हैं कि अब आईना वैसा नहीं रहा, क्योंकि मेरे महबूब की सच्चाई, उसकी पवित्रता अब सबके सामने है। यह एक गहरा एहसास है कि समय के साथ सब कुछ बदल जाता है, और कोई भी झूठ या दिखावा अब टिक नहीं पाता।
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