आँख में आँज स्नेह का सुरमा, रातभर सोँगठी खेली वह ग़ज़ल।
“With love's kohl lined within the eyes, That ghazal played a game of dice all night.”
— अमृत घायल
अर्थ
उस गज़ल ने आँखों में प्रेम का सुरमा लगाकर, पूरी रात चौसर खेली।
विस्तार
यह शेर सिर्फ आँखों की बात नहीं करता, यह तो दिल की बात है। शायर कह रहे हैं कि आँखों में जो काजल है, वो सिर्फ श्रृंगार नहीं, बल्कि गहरे स्नेह का सुरमा है। और यह स्नेह किसी ग़ज़ल की तरह है.... जो रात भर चलता रहता है। मतलब, प्यार कोई पल भर का एहसास नहीं है, बल्कि एक ऐसी धुन है जो कभी थमने का नाम नहीं लेती!
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