उन लोगों के तो गर्द न फिर सब हैं लिबासी
सौ गज़ भी जो ये फाड़ें तो इक गज़ भी न वारें
“For those people, the dust is not even a covering cloth, If they tear even ten yards, they won't even damage one yard.”
— मीर तक़ी मीर
अर्थ
उन लोगों के तो धूल का कण भी लिबास है, और अगर वे सौ गज भी फाड़ दें, तो एक गज को भी नुकसान नहीं होगा।
विस्तार
यह शेर उस दर्द को बयां करता है जब कोई व्यक्ति या रिश्तेदार आपको पूरी तरह से नज़रअंदाज़ कर दे। शायर कहते हैं कि कुछ लोग ऐसे होते हैं, जिनकी परवाह करना भी बेकार है। आप उनके लिए कितने भी महत्वपूर्ण क्यों न हों, उनके लिए आपका अस्तित्व इतना मामूली है कि वे आपका एक टुकड़ा भी बर्बाद करने का जहमत नहीं उठाते। यह बेरुखी का बहुत गहरा तसव्वुर है।
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