तिरी ही ज़ुल्फ़ को महशर में हम दिखा देंगे
जो कोई माँगेगा नामा सियाहकारों का
“We shall show your tresses in the Day of Judgment, Whoever asks for the name of the black-haired ones.”
— मीर तक़ी मीर
अर्थ
हम तुम्हारी ज़ुल्फ़ को क़यामत के दिन दिखा देंगे, जो कोई भी काले बालों वाले का नाम पूछेगा।
विस्तार
यह शेर सिर्फ़ ज़ुल्फ़ों की बात नहीं करता, यह तो इश्क़ के उस स्तर की बात है जो वक़्त और मौत से परे है! शायर कहते हैं कि महशर के दिन... भी ये ज़ुल्फ़ें याद की जाएंगी। ऐसा लगता है जैसे महबूब की सुंदरता इतनी कमाल की है कि उसे हिसाब-किताब के दिन भी उसका ज़िक्र होगा। यह एक इश्क़ का इज़हार है जो सिर्फ़ आँखों से नहीं, रूह से किया जाता है।
