મીઠાં ખાસાં સરવરતણાં નીર તો નિર્મળાં ને,
મેદાનોમાં હરણ બકરાં ગાય ઘેટાં ચરે રે.
“Sweet and pure are the waters of the lakes,And in the meadows, deer, goats, cows, and sheep graze.”
— नर्मद
अर्थ
सरोवरों के पानी मीठे और निर्मल हैं, और मैदानों में हिरण, बकरियां, गाय और भेड़ चरते हैं।
विस्तार
यह दोहा प्रकृति की सुंदरता और शांति को दर्शाता है। इसमें बताया गया है कि झीलों का पानी न केवल स्वच्छ है, बल्कि मधुर और विशेष भी है, जो मन को सुकून देता है। इन निर्मल झीलों के पास हरे-भरे मैदान फैले हुए हैं जहाँ हिरण, बकरे, गाय और भेड़ जैसे जानवर शांतिपूर्वक चर रहे हैं। यह दृश्य प्रकृति के सामंजस्य और प्राकृतिक दुनिया की अनछुए सौंदर्य को दर्शाता है, जहाँ जीवन अपनी सहजता में मौजूद है। यह हमें प्रकृति में मिलने वाली शांति और प्रचुरता की याद दिलाता है।
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